पाकिस्तान में पूरी यात्रियों से भरी ट्रेन को बंधक बनाने की घटना ने दुनिया को झकझोर दिया है। ये पहली बार है जब ट्रेन को बंधक बनाया गया। इससे पहले प्लेन हाईजैक की घटनाएं सामने आई हैं। जानिए दुनिया के 5 बड़े हाईजैक के बारे में।
पाकिस्तान में एक ट्रेन को हाईजैक करने की चौंकाने वाली वारदात सामने आई है। पाकिस्तान के अलगाववादी समूह बलूच लिबरेशन आर्मी ने मंगलवार को सैकड़ों यात्रियों को ले जा रही ट्रेन जाफर एक्सप्रेस पर हमला किया। यही नहीं उन्होंने पूरी ट्रेन को हाईजैक करते हुए 100 से अधिक लोगों को बंधक बना लिया। इसमें कई सुरक्षा अधिकारी भी शामिल है। इस ऑपरेशन में 6 सुरक्षाकर्मी मारे गए हैं। जिस समय ट्रेन को हाईजैक किया गया इसकी 9 बोगियों में 400 यात्री सवार थे।

पाकिस्तान में सामने आए ट्रेन हाइजैक के इस सनसनीखेज कांड ने पूरी दुनिया को हिला के रख दिया है। ट्रेन हाइजैक की ये अपने आप में पहली घटना सामने आई है। हालांकि, प्लेन हाईजैक के कई मामले सामने आ चुके हैं। आइये जानते हैं दुनिया के 5 बड़े हाईजैक के बारे में जिसे शायद ही लोग कभी भूल पाएंगे।
दुनिया के सबसे बड़े और खतरनाक हाईजैक की बात करें तो 9/11 का अटैक इतिहास का सबसे भयानक हवाई अपहरण और आतंकवादी हमला था। जब आतंकियों ने प्लेन हाईजैक करके सितंबर 2011 को अमेरिका के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर को निशाना बनाया था। आतंकवादियों ने अमेरिकन एयरलाइंस की फ्लाइट 11 और 77 और यूनाइटेड एयरलाइंस की फ्लाइट 175 और 93 का अपहरण किया था, बाद में उन्हें वर्ल्ड ट्रेड सेंटर के ट्विन टावर्स से टकरा दिया। इस हमले में 3000 से ज्यादा लोग मारे गए थे। ओसामा बिन लादेन इस हमले का मास्टरमाइंड था।

दुनिया के बड़े प्लेन हाईजैक की लिस्ट में एयर इंडिया की फ्लाइट 182 कनिष्क का भी नाम है। इस फ्लाइट को अटलांटिक महासागर के ऊपर उड़ान भरते समय अपहरण कर लिया गया था।
विमान में रखे बम से फ्लाइट को हवा में ही उड़ा दिया गया था। इस घटना में 329 लोगों की मौत हो गई थी। इस आतंकी घटना ने भारत ही नहीं पूरी दुनिया को हिला कर रख दिया था। इस विमान में बम विस्फोट की घटना को कनाडा स्थित बब्बर खालसा के उग्रवादियों ने अंजाम दिया था।

दुनिया को झकझोर कर रख देने वाले प्लेन हाईजैक में 24 दिसंबर, 1999 को हुए इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट IC-814 का भी नाम है। इस फ्लाइट को आतंकवादियों ने अपहरण कर लिया था। विमान को पहले पाकिस्तान, फिर कंधार ले जाया गया। अपहरणकर्ताओं की मांग भारत में बंद कुछ खूंखार आतंकियों की रिहाई थी। इनमें मौलाना मसूद अजहर भी शामिल था। अपहरण के बाद विमान पहले लाहौर उतरा, फिर दुबई गया, जहां 27 यात्रियों को रिहा कर दिया गया। आखिरकार विमान कंधार पहुंचा।

बड़े प्लेन हाईजैक की घटनाओं में TWA फ्लाइट 847 का भी नाम है, ये भी साल 1985 में ही सामने आया था। 14 जून, 1985 की सुबह-सुबह एथेंस से रोम जा रहे ट्रांस वर्ल्ड एयरलाइंस के विमान 847 का अपहरण किया गया था।
हिजबुल्लाह के आतंकियों ने विमान का अपहरण किया और इसका रूट बदलकर बेरूत ले जाने में सफल रहे। विमान में 139 यात्री, आठ क्रू मेंबर्स सवार थे।
अपहर्ताओं ने इजरायली जेलों में बंद सैकड़ों शिया मुसलमानों की रिहाई की मांग की थी। TWA फ्लाइट 847 का बंधक संकट 17 दिनों तक चला था। इस दौरान हाईजैक विमान दो बार बेरूत अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे, दो बार अल्जीयर्स और फिर एक बार बेरूत में उतरा।

नवंबर 1996 में इथियोपिया एयरलाइंस की फ्लाइट 961 का अपहरण तीन इथियोपियाई लोगों ने किया था, जो ऑस्ट्रेलिया में राजनीतिक शरण चाहते थे। हवा में ईंधन कम होने पर कैप्टन ने विमान को कोमोरोस द्वीप की ओर मोड़ दिया। लेकिन विमान वहां तक नहीं पहुंच पाया और उथले पानी में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में 172 में से 122 यात्रियों और क्रू मेंबर्स की मौत हो गई थी।