मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों पर इन्वेस्ट यूपी ने डीआईसी के कायाकल्प की योजना तैयार की है। योजना में 47 सालों से चल रहे डीआईसी को पूरी तरह से नया लुक देना शामिल है।
निवेशकों की सहूलियत के लिए बनायी गयी संस्था इन्वेस्ट यूपी के देश के पांच बड़े शहरों में विस्तार के फैसले के बाद अब योगी सरकार जिला उद्योग केंद्रों (डीआईसी) का भी कायाकल्प करेगी। बीते चार दशकों से भी ज्यादा समय से पुराने ढर्रे पर चल रहे जिला उद्योग केंद्रों को कॉरपोरेट तरीके से संवारा जाएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों पर इन्वेस्ट यूपी ने डीआईसी के कायाकल्प की योजना तैयार की है। योजना में 47 सालों से चल रहे डीआईसी को पूरी तरह से नया लुक देना शामिल है। प्रदेश के सभी जिलो में मौजूद डीआईसी भवनों की मरम्मत कराने के साथ ही वहां अलग से प्रशासनिक भवनस कांफ्रेंस हाल, उद्यमियों के लिए ल़बी वगैरा का निर्माण कराया जाएगा। डीआईसी में आने वाले उद्यमियों को कॉरपोरेट माहौल देने लिए उद्यमी मित्र वहां मौजूद रहेंगे जो उनकी समस्याओं को सुनेंगे व निराकरण करने में मदद करेंगे।
इन्वेस्ट यूपी अगले महीने से डीआईसी के कायाकल्प की योजना पर काम शुरू कर देगा। इसके लिए सभी जिला उद्योग केंद्रों से वहां पर कराए जाने वाले कामों के प्रस्ताव मांगे गए हैं। सभी जिलों की डीआईसी के महाप्रबंधकों से इस समय मौजूद सुविधाओं के साथ जरूरी चीजों को उपलब्ध कराए जाने संबंधी प्रस्ताव मंगाए गए हैं। केंद्र सरकार ने सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 1978 में सभी जिलों में डीआईसी की स्थापना की थी।
औद्योगिक विकास विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य डीआईसी को नया स्वरूप देकर निवेशकों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना व प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देना है। डीआईसी को सभी तरह की आधुनिक सुविधाएं से लैस किया जाएगा और हर संभव प्रयास किए जाएंगे कि छोटे-बड़े सभी उद्यमियों की समस्याओं का हल जिला स्तर पर ही किया जा सके।
गौरतलब है कि हाल ही में इन्वेस्ट यूपी के पुनर्गठन प्रस्ताव को मुख्यमंत्री ने स्वीकृति दी है। इन्वेस्ट यूपी के नए ढांचे के तहत टेक्सटाइल, ऑटोमोबाइल एवं इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, केमिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स और सर्विस सेक्टर जैसे क्षेत्रों में विशेषज्ञ सेल गठित किए जाएंगे। साथ ही मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद, चेन्नई और नई दिल्ली में सैटेलाइट इन्वेस्टमेंट प्रमोशन ऑफिस स्थापित किए जाएंगे, जिनके जरिए घरेलू और वैश्विक निवेशकों से सीधा संवाद स्थापित कर उत्तर प्रदेश में निवेश को प्रोत्साहित किया जाएगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने इन्वेस्ट यूपी में और अधिक अधिकारियों की तैनाती के भी निर्देश दिए हैं।
After Invest UP, Yogi government’s new decision, plans to give corporate form to district industry centers
