बहराइच में STF ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए चार कुख्यात अपराधियों को पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया है। यह सभी आरोपी पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह की हत्या करने जा रहे थे। आरोपी रिश्तेदार ही है। इस कार्रवाई से एक सनसनीखेज वारदात टल गई।
लखनऊ/बहराइच: उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) को बड़ी कामयाबी मिल गई है। एसटीएफ की टीम ने हत्या करने जा रहे सुपारी किलर्स को पुलिस मुठभेड़ के दौरान धर दबोचा है। एसटीएफ की हत्थेचढ़े आरोपियों की पहचान साकेत रावत, परशुराम मौर्य, प्रदीप यादव और आलोक कुमार सिंह के रूप में हुई है। ये सभी चारों आरोपी बाराबंकी जिले के रहने वाले हैं। जांच में सामने आया कि ये आरोपी बहराइच के पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष और भाजपा नेता विजय सिंह की हत्या करने जा रहे थे। एसटीएफ की इस कार्रवाई से एक सनसनीखेज वारदात को समय रहते टाल दिया गया है।
हत्या की साजिश ऐसे हुई बेनकाब
दरअसल 30 अगस्त को यूपी एसटीएफ की टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि विजय सिंह की हत्या की सुपारी दी गई है। यह साजिश विजय सिंह के भाई के दामाद आलोक कुमार सिंह ने रची थी। उसने तीन कुख्यात अपराधियों को हत्या की सुपारी दी और एडवांस रकम भी मुहैया कराई थी। सूचना मिलते ही STF ने पुलिस उपाधीक्षक धर्मेश कुमार शाही के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की। एसटीएफ की टीम ने उपनिरीक्षक अतुल चतुर्वेदी, प्रदीप सिंह, अरशद खां समेत कई पुलिसकर्मियों के साथ कैसरगंज क्षेत्र में घेराबंदी की और आरोपियों को धर दबोचा।
मुठभेड़ का घटनाक्रम
बीती रात करीब 8:30 बजे कडशर भिटौरा मोड़ पर STF को चार संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस ने जब उन्हें रुकने का इशारा किया तो उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में STF ने संयम बरतते हुए चारों को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान आरोपी परशुराम मौर्य गोली लगने से घायल हो गया। जिसे इलाज के लिए सीएचसी कैसरगंज भेज दिया गया था। गिरफ्तार आरोपियों के पास से एक रिवाल्वर 32 बोर, दो पिस्टल 7.65 एमएम, दो मैगजीन, चार जिंदा कारतूस (32 बोर), दो जिंदा व दो खोखा कारतूस (7.65 एमएम) और मोटरसाइकिल पैसन प्रो बरामद हुई है।

